.. लो जी अब ईवीएम मशीन की शव यात्रा !

.. लो जी अब ईवीएम मशीन की शव यात्रा !
बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय कार्यक्रम अन्तर्गत भारत के 31 राज्यों में 550 जिलों एवं चार हजार तहसीलों में एक साथ इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन ईवीएम की शवयात्रा निकाली गई। शव यात्रा निकालने वाले बहुजन मुक्ति पार्टी का यह तर्क था कि इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन में फिक्सिंग की जा रही है। शव यात्रा निकालने के साथ-साथ ईवीएम का पुतला जलाते हुए मुक्त एवं निष्पक्ष चुनाव के लिए पेपर ट्रेल  की मांग की गयी। बहुजन मुक्ति पार्टी के पदाधिकारियों ने भारतीय जनता पार्टी के नेता डा.सुब्रमण्यम स्वामी के उस मुकदमे का  उल्लेख किया जिसे उन्होंने वर्ष 2012 में दिल्ली हाईकोर्ट तदुपरांत 2012 में सुप्रीम कोर्ट में दाखिल किया था। सुब्रमण्यम ने 2009 के चुनाव में ईवीएम में घोटाला करके कांग्रेस को चुनाव जीतने का आरोप लगाया था। सुप्रीम कोर्ट के 8 अक्टूबर 2000 को दिये गये एक निर्णय के पैरा नम्बर 29 की  चर्चा की गयी जिसमें यह कहा गया कि मुक्त एवं निष्पक्ष चुनाव के लिए पेपर ट्रेल  अनिवार्य है।
ईवीएम की अर्थी उठाओ अभियान के तहत आजमगढ़ जनपद के सदर तहसील यूनिट द्वारा शव यात्रा अम्बेडकर पार्क से निकाल कर गिरिजा घर चौराहा होते हुए रोडवेज, सिविल लाइन, रैदोपुर होते हुए कलेक्ट्री चौराहे पर समाप्त हुआ। कार्यक्रम का नेतृत्व दुर्ग विजय यादव व लालबहादुर त्यागी पूर्व लोकसभा  प्रत्याशी लालगंज ने किया। इस अवसर पर धर्मेंद्र कुमार चौहान, हरेंद्र चौहान, उमेश कुमार, मनोज कुमार चौहान पूर्व छात्रसंघ नेता, अच्छे लाल विश्वकर्मा, विनोद कुमार, लालू यादव, सुरेश कुमार यादव, सन्नी यादव, रामकीर्ति बौद्ध, मनोज कुमार, रमाशंकर यादव, राम समुझ चौहान, महेंद्र चौहान, राजेश मौर्य, संतोष कुमार विश्वकर्मा, महेंद्र शास्त्री, रघुराज प्रताप चौहान, वसीम, हरिश्चंद्र मौर्य, बिहारी राम, अमृत कुमार, संतोष कुमार यादव आदि उपस्थित रहे। सगड़ी तहसील में  बहुजन मुक्ति पार्टी कार्यकर्ताओं ने ईवीएम मशीन की अर्थी निकाली। शव यात्रा जीयनपुर सिनेमा हाल से निकल कर चौक होते हुए रोडवेज चौक, सब्जी मण्डी चौक, तहसील गेट पर समाप्त हुई। यहां इलेक्ट्रानिक मशीन ईवीएम का दहन किया गया तथा सभा  की गयी। इस अवसर पर पार्टी के कार्यकर्ता उपस्थित रहे। 

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